Saturday, October 12, 2013

आ जाओ तड़पते हैं अरमां अब रात गुजरने वाली है

गीतकार:हसरत जयपुरी, गायक:लता मंगेशकर, 
संगीतकार:शंकर जयकिशन, फिल्म:आवारा-(1951)

नहीं रही पंजाब 
स्क्रीन की सक्रिय 
संचालिका 
कल्याण कौर 
आ जाओ तड़पते हैं अरमां अब रात गुजरने वाली है 
आ जाओ तड़पते हैं अरमां, अब रात गुजरनेवाली हैं
मैं रोऊँ यहाँ, तुम चूप हो वहाँ, अब रात गुजरनेवाली हैं
चाँद की रंगत उड़ने लगी
वो तारों के दिल अब डूब गये, डूब गये
हैं दर्दभरा बेचैन समां, अब रात गुजरनेवाली हैं

इस चाँद के डोले में आई नज़र
ये रात की दुल्हन चल दी किधर, चल दी किधर
आवाज़ तो दो खोये हो कहाँ, अब रात गुजरनेवाली हैं

घबराके नज़र भी हार गयी
तकदीर को भी नींद आने लगी, नींद आने लगी
तुम आते नही, मैं जाऊँ कहाँ, अब रात गुजरनेवाली हैं

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